कांशीराम को भारत रत्न से नवाजा जाए: कांग्रेस की मांग
कांग्रेस पार्टी ने केंद्र सरकार से मांग की है कि बहुजन समाज के महान नेता और दलित राजनीति के शिल्पकार कांशीराम को देश के सर्वोच्च नागरिक सम्मान ‘भारत रत्न’ से नवाजा जाए। यह मांग देश के उन करोड़ों लोगों की भावनाओं को दर्शाती है, जिन्होंने कांशीराम के अथक प्रयासों से सामाजिक न्याय और समानता का मार्ग प्रशस्त होते देखा है।
कांशीराम जी ने अपना पूरा जीवन वंचितों और दलितों के उत्थान के लिए समर्पित कर दिया। उन्होंने ‘बहुजन समाज’ की अवधारणा को साकार करते हुए, दलितों, पिछड़ों और अल्पसंख्यकों को एकजुट कर उन्हें राजनीतिक शक्ति का अहसास कराया। उनकी दूरदर्शिता और संघर्ष का ही परिणाम था कि उत्तर प्रदेश जैसे बड़े राज्य में दलितों की आवाज सत्ता के गलियारों तक पहुंची। उन्होंने ‘पहले रोटी, फिर वोट’ और ‘सत्ता ही मास्टर कुंजी है’ जैसे नारों से समाज में नई चेतना जगाई।
एक ऐसे दौर में जब दलितों को सिर्फ वोट बैंक समझा जाता था, कांशीराम ने उन्हें सम्मान और अधिकार के लिए लड़ना सिखाया। उन्होंने न केवल एक राजनीतिक दल, बल्कि एक सामाजिक आंदोलन की नींव रखी, जिसने भारतीय राजनीति की दिशा बदल दी। भारत रत्न का सम्मान कांशीराम जी के अद्वितीय योगदान, उनके संघर्ष और उनके त्याग के प्रति राष्ट्र की सच्ची श्रद्धांजलि होगी। यह सम्मान न केवल उनके अनुयायियों का मनोबल बढ़ाएगा, बल्कि आने वाली पीढ़ियों को भी सामाजिक न्याय के पथ पर चलने की प्रेरणा देगा। कांग्रेस का यह कदम कांशीराम जी के आदर्शों और सिद्धांतों को राष्ट्रीय पटल पर पुनः स्थापित करने का एक महत्वपूर्ण प्रयास है।
